https://omg10.com/4/11146156 झारखंड कृषि व्यापार मेला 2026: मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने किसानों से की जैविक खेती अपनाने की अपील
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झारखंड कृषि व्यापार मेला 2026: मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने किसानों से की जैविक खेती अपनाने की अपील

Jamshedpur News: रांची के मोरहाबादी मैदान में कृषि विभाग द्वारा आयोजित तीन दिवसीय झारखंड कृषि व्यापार मेला-2026 का भव्य शुभारंभ मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने किया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में किसान, कृषि वैज्ञानिक, शोधकर्ता तथा कृषि क्षेत्र से जुड़े विशेषज्ञ उपस्थित रहे। कार्यक्रम का उद्देश्य किसानों को आधुनिक कृषि तकनीक, नवाचार और टिकाऊ खेती की दिशा में प्रेरित करना रहा। मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि झारखंड की कृषि व्यवस्था को नई दिशा देने के लिए सरकार लगातार प्रयास कर रही है। कृषि व्यापार मेला किसानों और विशेषज्ञों के बीच संवाद का एक प्रभावी मंच बनेगा, जहां नई तकनीकों और योजनाओं की जानकारी किसानों तक सीधे पहुंचेगी।

किसानों से जैविक खेती अपनाने और रसायनों का उपयोग घटाने की अपील

मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने किसानों से आग्रह किया कि वे खेती में जहरीले रसायनों और अत्यधिक रासायनिक खादों के उपयोग से बचें तथा धीरे-धीरे जैविक खेती की ओर बढ़ें। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में उपभोक्ता सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण खाद्य उत्पादों की मांग कर रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि केवल अल्पकालिक लाभ के लिए ऐसे रसायनों का उपयोग नहीं करना चाहिए जिससे लोगों के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़े। उन्होंने किसानों को अधिक से अधिक जैविक खाद और प्राकृतिक खेती के तरीकों को अपनाने की सलाह दी। उन्होंने यह भी बताया कि देश और दुनिया में अब ऐसे उत्पादों की मांग बढ़ रही है जो कम रसायन और अधिक प्राकृतिक तरीके से तैयार किए गए हों। ऐसे में झारखंड के किसानों के लिए जैविक खेती एक बेहतर अवसर बन सकती है।

आधुनिक और उत्कृष्ट किसानों की पहचान कर दिया जाएगा प्रोत्साहन

कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने कृषि विभाग को निर्देश दिया कि राज्य के उन किसानों की पहचान की जाए जो आधुनिक और बेहतर कृषि तकनीकों का उपयोग कर उत्कृष्ट कार्य कर रहे हैं। ऐसे किसानों को सीधे मुख्यमंत्री स्तर पर सम्मानित किया जाएगा। सरकार द्वारा उन्हें तकनीकी उपकरणों और आर्थिक सहायता से भी जोड़ा जाएगा ताकि वे अपने अनुभव अन्य किसानों तक पहुंचा सकें। इसका उद्देश्य राज्य में सफल कृषि मॉडल विकसित करना और किसानों को आत्मनिर्भर बनाना है। मुख्यमंत्री ने कहा कि कृषि क्षेत्र में अच्छे कार्यों को पहचान मिलने से अन्य किसानों को भी प्रेरणा मिलेगी और कृषि उत्पादन में सकारात्मक बदलाव दिखाई देगा।

किसानों की समस्याओं के समाधान के लिए बनेगा विशेष पोर्टल

मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि किसानों के सवाल, सुझाव और समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए कृषि विभाग एक विशेष पोर्टल विकसित करेगा। इस पोर्टल पर किसान सीधे अपनी बात रख सकेंगे। उन्होंने कहा कि किसानों की समस्याओं के समाधान में सरकार और कृषि वैज्ञानिक दोनों की संयुक्त भूमिका होगी। इससे किसानों को समय पर तकनीकी सलाह, योजनाओं की जानकारी और आवश्यक सहायता उपलब्ध कराई जा सकेगी। यह पहल कृषि सेवाओं को अधिक पारदर्शी और किसानों के लिए सुलभ बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।

कृषि व्यापार मेला बना नवाचार और नई तकनीकों का मंच

मुख्यमंत्री ने कहा कि कृषि व्यापार मेला केवल प्रदर्शन का आयोजन नहीं है, बल्कि यह किसानों को नई तकनीकों, आधुनिक उपकरणों और कृषि नवाचारों से जोड़ने का माध्यम है। मेले के दौरान विभिन्न विषयों पर आयोजित कार्यशालाओं और सेमिनारों में किसानों को नई कृषि पद्धतियों, उत्पादन बढ़ाने के उपायों और बाजार से जुड़ने की रणनीतियों की जानकारी दी जाएगी। इस तरह के आयोजनों से किसानों को बदलते कृषि परिवेश के अनुरूप खुद को तैयार करने और आय बढ़ाने के अवसर मिलेंगे।

सरकार और किसानों की साझेदारी से बदलेगी कृषि की तस्वीर

मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा कि झारखंड की कृषि व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए सरकार और किसानों दोनों को समान जिम्मेदारी निभानी होगी। उन्होंने विश्वास जताया कि यदि दोनों पक्ष मिलकर काम करें तो राज्य के किसानों को बेहतर अवसर और आर्थिक मजबूती मिल सकती है। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने कई किसानों को सम्मानित भी किया तथा विभिन्न योजनाओं के तहत सहायता और प्रमाण पत्र प्रदान किए। साथ ही कृषि एवं पशुपालन विभाग से संबंधित नियुक्ति पत्र भी वितरित किए गए। उन्होंने कहा कि कृषि क्षेत्र में नवाचार, जैविक खेती और सरकारी सहयोग के माध्यम से झारखंड कृषि विकास के नए आयाम स्थापित कर सकता है।

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