Potka News: पूर्वी सिंहभूम जिले के पोटका विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत डुमरिया अंचल कार्यालय की कार्यशैली को लेकर ग्रामीणों में भारी असंतोष देखा जा रहा है। लंबे समय से अंचल कार्यालय में कामकाज प्रभावित रहने और अधिकारियों की अनुपस्थिति के कारण आम लोगों को गंभीर परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। इसी मुद्दे को लेकर रविवार को डुमरिया क्षेत्र के कई ग्रामीण पोटका विधायक Sanjeev Sardar के तुरामडीह स्थित कार्यालय पहुंचे और अपनी समस्याओं से अवगत कराया। ग्रामीणों ने अंचल अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए कहा कि कार्यालय की लापरवाही से जनता के जरूरी काम समय पर नहीं हो पा रहे हैं।


अंचल अधिकारी पर नियमित रूप से कार्यालय नहीं आने का आरोप
ग्रामीणों ने विधायक को बताया कि डुमरिया के अंचल अधिकारी Pawan Kumar पिछले कई दिनों से नियमित रूप से कार्यालय में उपस्थित नहीं हो रहे हैं। लोगों का कहना है कि जब वे जमीन संबंधित मामलों, आय, जाति एवं निवास प्रमाण पत्र, दाखिल-खारिज, सत्यापन और अन्य प्रशासनिक कार्यों के लिए अंचल कार्यालय पहुंचते हैं, तो उन्हें अधिकारी के अनुपस्थित रहने की जानकारी दी जाती है। इससे आम नागरिकों को बार-बार कार्यालय का चक्कर लगाना पड़ रहा है और उनका समय एवं पैसा दोनों बर्बाद हो रहा है। ग्रामीणों ने कहा कि दूरदराज के गांवों से लोग अपनी समस्याओं के समाधान की उम्मीद लेकर कार्यालय आते हैं, लेकिन अधिकारी के नहीं मिलने से उन्हें निराश होकर वापस लौटना पड़ता है। इससे प्रशासन के प्रति लोगों में नाराजगी लगातार बढ़ती जा रही है।


लंबित फाइलों से बाधित हो रहे विकास कार्य
ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि अंचल अधिकारी की अनुपस्थिति के कारण कई महत्वपूर्ण फाइलें लंबित पड़ी हुई हैं। भूमि विवाद, सरकारी योजनाओं से जुड़ी स्वीकृतियां, सत्यापन और राजस्व संबंधित कार्य समय पर पूरे नहीं हो पा रहे हैं। इसका सीधा असर विकास योजनाओं पर पड़ रहा है। लोगों का कहना है कि कई जरूरतमंद परिवार सरकारी योजनाओं का लाभ लेने के लिए महीनों से कार्यालय के चक्कर काट रहे हैं। वहीं छात्र-छात्राओं को प्रमाण पत्र नहीं मिलने से उनकी पढ़ाई और नौकरी से जुड़े आवेदन भी प्रभावित हो रहे हैं। ग्रामीणों ने बताया कि समय पर सत्यापन नहीं होने के कारण कई लोगों के आवेदन अटक गए हैं, जिससे क्षेत्र में असंतोष का माहौल बन गया है।

विधायक संजीव सरदार ने दिया कार्रवाई का भरोसा
मामले को गंभीरता से लेते हुए विधायक Sanjeev Sardar ने ग्रामीणों को आश्वस्त किया कि उनकी समस्याओं को नजरअंदाज नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि जनता की सुविधा और सरकारी कार्यालयों की जवाबदेही सुनिश्चित करना प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है। यदि किसी अधिकारी की लापरवाही के कारण आम लोगों को परेशानी हो रही है, तो उसके खिलाफ उचित कार्रवाई की जानी चाहिए। विधायक ने कहा कि वे इस मामले को जिले के वरीय अधिकारियों के समक्ष उठाएंगे और अंचल कार्यालय की कार्यप्रणाली की जांच कराने की मांग करेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि सरकारी कार्यालयों में अधिकारियों की नियमित उपस्थिति जरूरी है, ताकि ग्रामीणों को समय पर सेवा और न्याय मिल सके।


ग्रामीणों ने सुनाई अपनी परेशानियां
विधायक से मिलने पहुंचे ग्रामीणों ने विस्तार से अपनी समस्याएं रखीं। उन्होंने बताया कि कई बार कार्यालय पहुंचने के बावजूद उनका काम नहीं हो पा रहा है। कुछ लोगों ने कहा कि उन्हें छोटी-छोटी प्रक्रियाओं के लिए भी कई दिनों तक इंतजार करना पड़ रहा है। इससे मजदूरी और रोजमर्रा के कामकाज पर भी असर पड़ रहा है।
ग्रामीणों ने यह भी मांग की कि अंचल कार्यालय में व्यवस्था को बेहतर बनाया जाए और अधिकारियों की उपस्थिति सुनिश्चित करने के लिए नियमित निगरानी की जाए। लोगों का कहना है कि प्रशासनिक व्यवस्था मजबूत होने से आम जनता को राहत मिलेगी और सरकारी योजनाओं का लाभ समय पर मिल सकेगा।
क्षेत्र के कई ग्रामीण रहे उपस्थित
विधायक से मुलाकात करने वालों में डुमरिया क्षेत्र के कई ग्रामीण शामिल थे। इनमें Kuwar Krishna Baske, Lakhan Soren, Chhotaray Majhi और Budhan Baske प्रमुख रूप से उपस्थित रहे। सभी ग्रामीणों ने एक स्वर में प्रशासन से मांग की कि डुमरिया अंचल कार्यालय की व्यवस्था में जल्द सुधार किया जाए, ताकि आम जनता को राहत मिल सके और सरकारी कार्य सुचारु रूप से संचालित हो सकें।