Jamshedpur : भारतीय हॉकी के भविष्य को संवारने में नवल टाटा हॉकी अकादमी ने एक बार फिर अपनी उत्कृष्टता सिद्ध की है। ऑस्ट्रेलिया के विरुद्ध आगामी चार मैचों की महत्वपूर्ण टेस्ट सीरीज़ के लिए घोषित भारतीय अंडर-18 पुरुष टीम में नवल टाटा हॉकी अकादमी के तीन प्रतिभाशाली कैडेटों का चयन किया गया है। चयनित खिलाड़ियों में प्रेमचंद सोय, और आशीष पूर्ति शामिल हैं। यह उपलब्धि न केवल इन खिलाड़ियों की व्यक्तिगत मेहनत का परिणाम है, बल्कि जमशेदपुर की खेल संस्कृति और अकादमी के कड़े प्रशिक्षण के स्तर को भी दर्शाती है।



टीम में स्थान बनाना खिलाड़ियों के लिए नहीं था आसान
भारतीय टीम में स्थान बनाना इन खिलाड़ियों के लिए सरल नहीं था। इस अंतिम 24 सदस्यीय दल का हिस्सा बनने से पहले, इन कैडेटों ने एक सप्ताह तक चले गहन राष्ट्रीय प्रशिक्षण शिविर में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया। शिविर में देश भर से चुने गए 42 संभावित खिलाड़ियों को बुलाया गया था। इस दौरान खिलाड़ियों के तकनीकी कौशल, मैच फिटनेस, रणनीतिक सूझबूझ और दबाव में प्रदर्शन करने की क्षमता का बारीकी से मूल्यांकन किया गया। नवल टाटा अकादमी के इन तीनों खिलाड़ियों ने हर मोर्चे पर कोचों को प्रभावित किया और राष्ट्रीय जर्सी पहनने का सम्मान प्राप्त किया।

टीम का रक्षा पंक्ति से लेकर तक का दम
अकादमी के इन तीन सितारों को टीम के अलग-अलग महत्वपूर्ण विभागों की जिम्मेदारी सौंपी गई है, जो उनकी बहुमुखी प्रतिभा को प्रदर्शित करता है:

  • आशीष पूर्ति रक्षा पंक्ति में अपनी मजबूती और विपक्षी को रोकने की रणनीति के लिए जाने जाते हैं।
  • प्रेमचंद टीम के के रूप में खेल को नियंत्रित करने और रक्षा व के बीच सेतु का कार्य करेंगे।
  • अपनी गति और गोल करने की सटीक क्षमता के कारण वे टीम के मुख्य होंगे।

एशिया कप की तैयारी के लिए टेस्ट'
ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ यह सीरीज़ भारतीय टीम के लिए एक महत्वपूर्ण तैयारी अभियान कैंप) के रूप में देखी जा रही है। 15 मई से 20 मई, 2026 तक सेंट्रल सेंटर में होने वाले ये मैच खिलाड़ियों को उच्च स्तरीय अंतरराष्ट्रीय अनुभव प्रदान करेंगे। यह अनुभव विशेष रूप से इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि इस महीने के अंत में, 29 मई से 6 जून तक, जापान के में पुरुष अंडर-18 एशिया कप का आयोजन होना है। ऑस्ट्रेलिया जैसी मजबूत टीम के खिलाफ खेलना भारतीय युवाओं के लिए खुद को परखने और अपनी कमियों को सुधारने का बेहतरीन अवसर होगा।

अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मिलने वाला यह अनुभव महत्वपूर्ण साबित होगा
खिलाड़ियों की इस उपलब्धि पर खुशी जताते हुए के प्रोजेक्ट डायरेक्टर गुरमीत सिंह राव ने कहा कि प्रेमचंद, और आशीष का चयन उनकी निरंतर मेहनत और अकादमी के प्रतिस्पर्धी माहौल का प्रमाण है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मिलने वाला यह अनुभव उनके करियर के लिए एक महत्वपूर्ण साबित होगा।
नवल टाटा हॉकी अकादमी आज केवल एक प्रशिक्षण केंद्र नहीं, बल्कि भारतीय हॉकी की बन चुकी है। पेशेवर कोचिंग, वैज्ञानिक प्रशिक्षण और खिलाड़ियों के समग्र विकास पर ध्यान केंद्रित कर यह संस्थान राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारतीय हॉकी की सफलता में निरंतर अपना योगदान दे रहा है। इन तीन कैडेटों का चयन इसी सफल यात्रा की एक और गौरवशाली कड़ी है।