माझी पारगाना माहाल भवन में आयोजित हुआ भव्य समारोह
Jamshedpur News: घाटशिला प्रखंड के पावड़ा स्थित माझी पारगाना माहाल भवन में बुधवार को माझी पारगाना माहाल, धाड़ दिशोम द्वारा प्रतिभा सम्मान समारोह सत्र 2025-26 का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम में जिले के विभिन्न प्री-मैट्रिक कोचिंग सेंटरों से जुड़े मेधावी छात्र-छात्राओं को सम्मानित किया गया। समारोह का उद्देश्य आदिवासी एवं वंचित समाज के बच्चों को शिक्षा के प्रति प्रोत्साहित करना तथा उनकी उपलब्धियों को सम्मान देना था। कार्यक्रम के दौरान कुल 100 प्रतिभाशाली छात्र-छात्राओं को प्रशस्ति पत्र एवं मोमेंटो देकर सम्मानित किया गया। समारोह में बड़ी संख्या में अभिभावक, शिक्षक, समाजसेवी एवं क्षेत्र के गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

874 विद्यार्थियों ने दी परीक्षा, शानदार रहा परिणाम
इस वर्ष आयोजित वार्षिक माध्यमिक परीक्षा में धाड़ दिशोम के प्री-मैट्रिक कोचिंग सेंटरों से कुल 874 परीक्षार्थी शामिल हुए। परीक्षा परिणाम बेहद उत्साहजनक रहा। इनमें 589 विद्यार्थियों ने प्रथम श्रेणी में सफलता प्राप्त की, जबकि 260 छात्र-छात्राएं द्वितीय श्रेणी में उत्तीर्ण हुए। इसके अलावा 4 विद्यार्थियों ने तृतीय श्रेणी में सफलता हासिल की। इन परिणामों ने यह साबित कर दिया कि उचित मार्गदर्शन और सहयोग मिलने पर ग्रामीण एवं आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के बच्चे भी उत्कृष्ट प्रदर्शन कर सकते हैं। समारोह में उपस्थित वक्ताओं ने इसे समाज के लिए प्रेरणादायक उपलब्धि बताया।

तीन वर्षों से चल रहा निःशुल्क कोचिंग अभियान
माझी पारगाना माहाल धाड़ दिशोम द्वारा पिछले तीन वर्षों से लगातार आर्थिक रूप से कमजोर एवं वंचित वर्ग के बच्चों के लिए निःशुल्क प्री-मैट्रिक कोचिंग की व्यवस्था की जा रही है। इस पहल का मुख्य उद्देश्य सरकारी विद्यालयों में अध्ययनरत बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराना है। संस्था के प्रतिनिधियों ने बताया कि इस अभियान के माध्यम से बच्चों को केवल परीक्षा में अच्छे अंक प्राप्त करने के लिए तैयार नहीं किया जाता, बल्कि उन्हें समाज के प्रति जिम्मेदार और आत्मनिर्भर नागरिक बनने की प्रेरणा भी दी जाती है।
ग्रामीण क्षेत्रों में शिक्षा के स्तर को बेहतर बनाने के लिए यह प्रयास काफी सराहनीय माना जा रहा है।

शिक्षा के साथ व्यवहारिक ज्ञान पर भी दिया गया जोर
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि जिरेन जेवियर टोपनो ने छात्र-छात्राओं को संबोधित करते हुए शिक्षा के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि केवल किताबी ज्ञान ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि व्यवहारिक ज्ञान भी उतना ही आवश्यक है।
उन्होंने बच्चों से समाज से जुड़कर समाजहित में कार्य करने की अपील की। उन्होंने कहा कि शिक्षित युवा ही समाज को नई दिशा देने का कार्य कर सकते हैं। मुख्य अतिथि ने कहा कि आज के विद्यार्थी भविष्य के नेतृत्वकर्ता हैं, इसलिए उन्हें अपने समाज, संस्कृति और परंपराओं से जुड़े रहकर आगे बढ़ना चाहिए।

समाज के कई लोगों ने कार्यक्रम को किया संबोधित
कार्यक्रम की अध्यक्षता बैजु मुर्मू ने की। समारोह का संचालन दीपक मुर्मू ने किया, जबकि कार्यक्रम के उद्देश्य पर प्रकाश सुनील मुर्मू ने डाला। समारोह को दुर्गा चरण मुर्मू, हरिपद मुर्मू, लेदेम किस्कू, पुनता मुर्मू, लखन मार्डी, पार्वती मुर्मू, जयराम हांसदा तथा छोटा भुजंग टुडू सहित कई वक्ताओं ने संबोधित किया। सभी वक्ताओं ने बच्चों को शिक्षा के क्षेत्र में आगे बढ़ने और समाज के विकास में योगदान देने के लिए प्रेरित किया।

बड़ी संख्या में समाज लोग रहे उपस्थित
समारोह में क्षेत्र के कई प्रतिष्ठित एवं सामाजिक लोग मौजूद रहे। इनमें पद्मावती हेम्ब्रम, जगदीश बास्के, मार्शल मुर्मू, संजय सोरेन, पूजा सोरेन, बबिता सोरेन, भादो मुर्मू एवं सुशांत हेम्ब्रम सहित बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए।
कार्यक्रम का समापन विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना और शिक्षा के क्षेत्र में निरंतर प्रयास जारी रखने के संकल्प के साथ हुआ।